जिला बाँदा ( Banda ) के थाना जसपुरा अंतर्गत ग्राम रामपुर के 45 वर्षीय महेन्द्र उर्फ राजू पुत्र स्वर्गीय बुद्धिलाल पिछले चार दिनों से रहस्यमयी ढंग से लापता हैं। लापता व्यक्ति की पत्नी नीलम देवी ने पुलिस अधीक्षक बाँदा को दिए लिखित आवेदन में सनसनीखेज आरोप लगाते हुए कहा है कि उनके पति की हत्या उनके ही मछली पालन के साझेदारों ने कर दी है और शव को गाँव के बड़े तालाब में फेंक कर सबूत मिटा दिए गए हैं।
क्या है पूरा मामला?

परिजनों के अनुसार, महेन्द्र उर्फ राजू ने गाँव की बस्ती में रामजानकी मंदिर के पास स्थित बड़े सामुदायिक तालाब का मछली पालन का पट्टा समाज के नाम पर कराया था। इस तालाब में काफी मात्रा में मछलियाँ पल रही थीं। तालाब की देखभाल, मछली निकालने और बेचने का काम महेन्द्र अपने दो साझेदारों – अच्छन पुत्र सुब्बी और उसके भाई रईस बाबू के साथ मिलकर करते थे।
25 नवंबर 2025 को सुबह करीब 11 बजे तीनों लोग तालाब पर मछली पकड़ने गए थे। शाम 6 से 7 बजे के बीच महेन्द्र का अपनी पत्नी नीलम देवी और बेटे वीरेश से फोन पर बातचीत हुई थी। इसके बाद अचानक उनका मोबाइल फोन बंद हो गया। रात में कई बार कॉल करने पर भी फोन नहीं लगा। नीलम देवी को लगा कि पति साझेदारों के साथ तालाब पर ही रुक गए होंगे, क्योंकि पहले भी ऐसा कई बार हुआ था।
अगले दिन भी नहीं लौटे महेन्द्र
26 नवंबर को जब महेन्द्र घर नहीं पहुँचे तो परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। उसी दिन थाना जसपुरा में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई, जिसका जीडी नंबर 019/2025 है। लेकिन तीन-चार दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की और न ही महेन्द्र का कोई सुराग लग सका।
पत्नी का सनसनीखेज आरोप
परेशान नीलम देवी ने गुरुवार को पुलिस अधीक्षक बाँदा को दिए आवेदन में साफ-साफ आरोप लगाया है कि मछली बेचकर आए रुपयों के लेन-देन और पुराने पट्टे के विवाद में उनके पति के साझेदार अच्छन और रईस बाबू ने ही मिलकर हत्या की है और शव को बड़े तालाब में फेंक दिया है। उन्होंने मांग की है कि दोनों आरोपियों के खिलाफ तत्काल आईपीसी की धारा 302 (हत्या) व अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की जाए तथा मामले की निष्पक्ष जाँच किसी वरिष्ठ अधिकारी से कराई जाए।
इलाके में दहशत, तालाब में शव होने की आशंका
घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि रामजानकी मंदिर वाला तालाब काफी बड़ा और गहरा है। आशंका जताई जा रही है कि यदि हत्या हुई है तो शव इसी तालाब में डुबोया गया होगा। शुक्रवार दोपहर पुलिस टीम मौके पर पहुँची और तालाब में सर्च ऑपरेशन शुरू करने की तैयारी कर रही है। गोताखोरों को भी बुलाने की बात चल रही है।
पुलिस का पक्ष
थाना प्रभारी जसपुरा ने बताया कि गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज है और मामले की गंभीरता से जाँच की जा रही है। दोनों साझेदारों से पूछताछ की जा रही है। जल्द ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
फिलहाल पूरा गाँव सन्नाटे में है और परिजन पुलिस की त्वरित कार्रवाई की आस लगाए बैठे हैं। यदि पत्नी के आरोप सही साबित हुए तो यह मछली पालन के पट्टे का एक और खौफनाक अंत होगा।










