रायबरेली में गैस एजेंसी की अव्यवस्था सामने आई है। अवैध स्थान से संचालन, सिलेंडर की किल्लत और विरोध करने पर उपभोक्ताओं से मारपीट के आरोप लगे हैं।
रायबरेली जिले में रसोई गैस वितरण व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। शहर कोतवाली क्षेत्र के बरगद चौराहा के पास एक रिहायशी कॉलोनी में गैस एजेंसी का संचालन नियमों के विपरीत किया जा रहा है। रिकॉर्ड में एजेंसी का पता निराला नगर दर्ज है, लेकिन वास्तविक वितरण एक अलग स्थान से हो रहा है। स्थानीय लोग इसे खुली नियमों की अनदेखी मान रहे हैं।

सुरक्षा मानकों की अनदेखी
रिहायशी इलाके में गैस सिलेंडरों का भंडारण और वितरण सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील मामला है। बावजूद इसके एजेंसी संचालक द्वारा किसी भी मानक का पालन नहीं किया जा रहा। इलाके के लोगों का कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो यह स्थिति किसी बड़े हादसे को जन्म दे सकती है।
सिलेंडर के लिए भटक रहे उपभोक्ता
गैस उपभोक्ताओं का आरोप है कि उन्हें समय पर सिलेंडर नहीं मिल पाता। कई बार एजेंसी के चक्कर लगाने के बाद भी खाली हाथ लौटना पड़ता है। इससे न सिर्फ समय की बर्बादी होती है बल्कि आम लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
विरोध करने पर मारपीट की धमकी
सबसे गंभीर आरोप एजेंसी संचालकों के व्यवहार को लेकर सामने आए हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि जब वे देरी या अव्यवस्था पर सवाल उठाते हैं तो उनके साथ अभद्रता की जाती है। कुछ मामलों में मारपीट और धमकी देने तक की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे लोगों में डर का माहौल बन गया है।
विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
इस पूरे मामले ने जिला पूर्ति विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि आखिर किस आधार पर इस स्थान से संचालन की अनुमति दी गई। क्या नियमों की अनदेखी जानबूझकर की गई या फिर इसमें किसी तरह की मिलीभगत है?
जनता में आक्रोश, कार्रवाई की मांग
लगातार बढ़ती समस्याओं से परेशान उपभोक्ताओं में नाराजगी साफ दिखाई दे रही है। लोग प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो विरोध और तेज किया जाएगा।
निष्कर्ष
रायबरेली में गैस वितरण से जुड़ी यह स्थिति एक बड़ी समस्या की ओर इशारा करती है। जरूरत है कि प्रशासन पूरे मामले की गंभीरता से जांच करे और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके।










