रायबरेली : सलोन कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मट्ठा पीने से 23 बच्चे बीमार हो गए जिनका इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है और मामले की जांच की जा रही है।
बताते चलें कि गुरुवार को थाना क्षेत्र के मटका रुद्र का पुरवा गांव में मठ्ठा का सेवन करने के बाद अचानक बीमार पड़ गए, जिससे परिजनों में हड़कंप मच गया। घटना के बाद परिजनों ने बिना देरी किए सभी बच्चों को प्राथमिक उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां मौजूद डॉक्टरों ने बच्चों की हालत को देखते हुए उन्हें तत्काल एंबुलेंस के जरिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में सभी बच्चों को बाल वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू किया गया।

चिकित्सकों के अनुसार फिलहाल सभी बच्चों की स्थिति स्थिर बनी हुई है, लेकिन एहतियात के तौर पर डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है और आवश्यक उपचार दिया जा रहा है। इस घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में दूध से बने खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता की जांच की जा रही है।
सूत्रों के मुताबिक जिला प्रशासन और स्वास्थ्य अधिकारियों ने क्षेत्र में दूध एवं डेयरी उत्पादों की गुणवत्ता की जांच के निर्देश दिए हैं, ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोका जा सके।
उप जिला अधिकारी चंद्र प्रकाश सलोंन ने बताया कि एक महिला ने अपने घर में बने माथे को 23 बच्चों को पिलाया जिसमें सभी बच्चे पीने के बाद बीमार हो गए जहां सीएचसी के बाद जिला अस्पताल के लिए रेफर किया गया है। स्थिति स्थिर है जांच की जा रही है। साथ ही परिवार के सदस्यों से भी पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि बच्चों ने किस प्रकार का खाद्य पदार्थ सेवन किया था।










