Araria : बिहार ( Bihar ) के अररिया ( Araria ) जिले से एक सनसनीखेज घटना सामने आई है, जहां बीपीएससी के माध्यम से चयनित एक युवा शिक्षिका की बाइक सवार बदमाशों ने स्कूटी पर स्कूल जाते समय गोली मारकर क्रूर हत्या कर दी। मृतका की पहचान शिवानी वर्मा (उम्र 27-28 वर्ष) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले की रहने वाली थीं। यह घटना नरपतगंज थाना क्षेत्र के खाबदाह कन्हैली शिव मंदिर के पास बुधवार सुबह करीब 8:30 बजे घटी, जब शिवानी फारबिसगंज से नरपतगंज के मध्य विद्यालय कन्हैली जा रही थीं। हत्या से इलाके में दहशत फैल गई है और पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।
घटना का पूरा विवरण

शिवानी वर्मा रोजाना की तरह अपनी स्कूटी पर स्कूल के लिए निकली थीं। वे फारबिसगंज में किराए के मकान में रहती थीं और नरपतगंज-फारबिसगंज मार्ग (सड़क संख्या 17) से गुजर रही थीं। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, सड़क पर दो नकाबपोश बदमाश बाइक पर सवार होकर अचानक उनके पास पहुंचे। उन्होंने पहले शिवानी की स्कूटी को रोका, फिर उनका हेलमेट उतरवाया और करीब से कनपटी पर गोली मार दी। गोली लगते ही शिवानी सड़क पर गिर पड़ीं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीण सुधीर यादव और गौरव कुमार ने उन्हें एक कार में लादकर अररिया सदर अस्पताल पहुंचाया, जो घटनास्थल से करीब 70 किलोमीटर दूर है। वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए हैं, जिनमें गोली का खोखा और बाइक के टायर के निशान शामिल हैं। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की भी जांच शुरू कर दी है।
मृतका का बैकग्राउंड
शिवानी वर्मा एक मेहनती और शांत स्वभाव की महिला थीं। उन्होंने वर्ष 2023 में बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की शिक्षक भर्ती परीक्षा पास की थी और तब से बिहार में सेवा दे रही थीं। वे करीब डेढ़ साल से अररिया जिले के नरपतगंज प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय कन्हैली में तैनात थीं, जहां वे प्राथमिक स्तर के छात्रों को पढ़ाती थीं। शिवानी ने कुछ महीनों पहले ही इस स्कूल में जॉइन किया था और अपने समर्पित शिक्षण कार्य के लिए जानी जाती थीं। वे उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले के रहने वाले लक्ष्मीकांत वर्मा की बेटी थीं।
व्यक्तिगत जीवन में भी शिवानी खुशहाल मोड़ पर थीं। ग्रामीणों और परिवार के अनुसार, उनकी कुछ दिनों पहले ही सगाई हो चुकी थी और अगले महीने उनकी शादी होने वाली थी। यह खबर हत्या को और भी दर्दनाक बना देती है। शिवानी की बहन जूली कुमारी ने बताया कि वे परिवार की इकलौती कमाने वाली थीं और हमेशा अपने काम और पढ़ाई पर ध्यान देती थीं।
संभावित कारण और प्रेम प्रसंग की आशंका
पुलिस अभी तक हत्या के पीछे के सटीक कारण का पता नहीं लगा पाई है, लेकिन प्रारंभिक जांच में प्रेम प्रसंग या निजी रंजिश की आशंका जताई जा रही है। शिवानी के पिता लक्ष्मीकांत वर्मा ने बताया कि स्थानीय एक दबंग युवक उन्हें शादी के लिए बार-बार दबाव दे रहा था, जिसे शिवानी नजरअंदाज कर रही थीं। इसके अलावा, कुछ रिपोर्ट्स में स्कूल के एक शिक्षक और प्रिंसिपल पर भी गंभीर आरोप लगे हैं। शिवानी की बहन ने दावा किया कि स्कूल का शिक्षक उन्हें परेशान करता था, कभी बाइक से धूल उड़ाता तो कभी अन्य हरकतें करता। हत्या के बाद यह खुलासा सामने आया है कि शादी से इंकार के कारण ही यह साजिश रची गई हो सकती है।
अररिया एसपी अंजनी कुमार ने बताया, “शिवानी फारबिसगंज में रहती थीं और रोज स्कूल आती-जाती थीं। खाबड़ा पंचायत के मंदिर के पास बदमाशों ने यह कृत्य किया। हमने मामले में दो अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। जांच पूरी होने पर अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा।” एसपी ने यह भी कहा कि इलाके में अपराध रोकने के लिए पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है।
इलाके में दहशत और विरोध प्रदर्शन
यह घटना सड़क संख्या 17 पर हुई, जो पहले भी अपराध का केंद्र रही है। इससे पहले भी इसी रास्ते पर स्कूल स्टाफ पर हमले की घटनाएं हो चुकी हैं। हत्या के बाद पूरे इलाके में भय का माहौल है। शिक्षक संघ ने कंडल मार्च निकालकर विरोध जताया और महिलाओं की सुरक्षा तथा अपराध पर नियंत्रण की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि शिवानी जैसी शांत महिला की हत्या ने सबको स्तब्ध कर दिया है।
परिवार के सदस्य यूपी से अररिया पहुंच चुके हैं और शव प्राप्ति की प्रक्रिया में जुटे हैं। पुलिस ने हत्यारों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी है। यह घटना बिहार में महिलाओं और शिक्षकों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर रही है, खासकर जब राज्य में नई सरकार बनी ही है।










