Rewa Police Holi Viral Video: होली का त्योहार रंगों, मस्ती और खुशियों का पर्व है, लेकिन जब यह जश्न कानून की सीमाओं को लांघने लगे तो सवाल खड़े हो जाते हैं। मध्य प्रदेश के रीवा जिले में होली के मौके पर एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कई थाना प्रभारी और पुलिस अधिकारी एक ही गाड़ी पर सवार होकर ढोल की थाप पर नाचते-गाते सड़कों पर निकलते दिख रहे हैं। यह वीडियो लोगों में चर्चा का विषय बन गया है, क्योंकि इसमें ट्रैफिक नियमों का खुला उल्लंघन नजर आ रहा है।
वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि एक वाहन पर क्षमता से ज्यादा लोग सवार हैं। कई थाना प्रभारी और अन्य पुलिसकर्मी गाड़ी पर चढ़े हुए हैं, जबकि ढोल-नगाड़ों की धुन पर वे जोश में नाच रहे हैं। यह पूरा मंजर पुलिस विभाग के ग्राउंड और आला अधिकारियों की मौजूदगी में हो रहा था। होली के उत्सव में रंग बिरंगे गुलाल और पानी की मस्ती के बीच यह दृश्य लोगों को चौंका रहा है।

ट्रैफिक नियमों का खुला उल्लंघन
भारतीय मोटर वाहन अधिनियम के तहत किसी भी वाहन पर उसकी निर्धारित क्षमता से अधिक सवारियां ले जाना गैरकानूनी है। यह न सिर्फ ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन है, बल्कि सड़क सुरक्षा के लिहाज से भी बहुत खतरनाक माना जाता है। अगर वाहन पर ज्यादा लोग सवार हों तो संतुलन बिगड़ सकता है, दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है और जान-माल को नुकसान पहुंच सकता है। आमतौर पर पुलिस विभाग ही लोगों को सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करने की सलाह देता है, चालान काटता है और जागरूकता फैलाता है। लेकिन जब खुद पुलिस अधिकारी सार्वजनिक रूप से इन नियमों की अनदेखी करते दिखें, तो यह दोहरा मापदंड जैसा लगता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर कोई आम नागरिक या युवक ऐसा करता तो पुलिस तुरंत एक्शन लेती, चालान काटती या कार्रवाई करती। चाय-पान की दुकानों पर बैठे लोग और सोशल मीडिया यूजर्स इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि “कानून के रखवाले खुद कानून तोड़ें तो जिम्मेदारी किसकी?” कई लोगों ने कमेंट्स में लिखा है कि “पुलिस वाले होली मना रहे हैं, लेकिन आम आदमी के लिए नियम सख्त क्यों?”
वीडियो वायरल होने के बाद क्या होगा?
इस वीडियो के वायरल होने के बाद अब सवाल यह है कि क्या प्रशासन इस मामले में कोई कार्रवाई करेगा? क्या थाना प्रभारी या अन्य शामिल अधिकारियों पर कोई विभागीय जांच होगी या चेतावनी दी जाएगी? या फिर इसे सिर्फ होली की मस्ती मानकर नजरअंदाज कर दिया जाएगा? रीवा पुलिस ने होली के दौरान पूरे जिले में अलर्ट मोड पर रहकर फ्लैग मार्च निकाले थे और शांति बनाए रखने का दावा किया था, लेकिन यह घटना उस छवि पर सवाल उठा रही है।
पुलिस महकमे में होली मनाने की परंपरा नई नहीं है। कई जगहों पर पुलिस लाइन में अधिकारी और जवान मिलकर होली खेलते हैं, गाने बजाते हैं और मस्ती करते हैं। लेकिन सड़कों पर वाहन पर चढ़कर नाचना-गाना अलग बात है, क्योंकि यह सार्वजनिक जगह है और आम जनता की सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा है।
लोगों की राय और अपेक्षाएं
सोशल मीडिया पर इस वीडियो को शेयर करते हुए लोग लिख रहे हैं- “पुलिस को कानून का पालन खुद करना चाहिए, तभी लोग मानेंगे।” कुछ ने इसे मजाकिया बताया तो कुछ ने गंभीरता से लिया। एक यूजर ने कमेंट किया, “होली है, मस्ती है, लेकिन सुरक्षा पहले।” स्थानीय निवासियों का कहना है कि पुलिस अधिकारियों से उम्मीद की जाती है कि वे उदाहरण पेश करें, न कि नियम तोड़ें।
निष्कर्ष
फिलहाल वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लेकिन वीडियो की लोकप्रियता को देखते हुए जल्द ही कोई प्रतिक्रिया आ सकती है। रीवा जिला प्रशासन और पुलिस मुख्यालय को इस पर नजर रखनी होगी, ताकि जनता का भरोसा बना रहे।










