Indore: पर्यावरण संरक्षण को केवल अभियान तक सीमित रखने के बजाय उसे व्यवहार में उतारने की दिशा में शासकीय महारानी लक्ष्मीबाई स्नातकोत्तर कन्या महाविद्यालय, किला भवन में पहल की गई। महाविद्यालय के इकोक्लब की ओर से 29 सितंबर को परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य परिसर में हरियाली बढ़ाने के साथ छात्राओं को पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार और जागरूक बनाना रहा।
इकोक्लब ने संभाली जिम्मेदारी

कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. बी.डी. श्रीवास्तव के संरक्षण और प्रशासनिक अधिकारी डॉ. वी.पी. बैरागी के मार्गदर्शन में हुआ। इकोक्लब प्रभारी डॉ. पूजा जैन ने कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान महाविद्यालय परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया।
परिसर में लगाए गए नीम के 10 पौधे
वृक्षारोपण के दौरान महाविद्यालय परिसर में नीम के 10 पौधे लगाए गए। पौधारोपण की इस गतिविधि को खास इसलिए माना गया क्योंकि इसके लिए बाहर से पौधे मंगाने के बजाय महाविद्यालय परिसर में प्राकृतिक रूप से प्राप्त बीजों से तैयार किए गए पौधों का इस्तेमाल किया गया। इससे पौधों के संरक्षण के साथ स्थानीय स्तर पर हरियाली विकसित करने की पहल को भी बढ़ावा मिला।
बीज से पौधे तैयार करने की पहल बनी खास
महाविद्यालय परिसर में प्राकृतिक रूप से मिले बीजों से पौधे तैयार करना इस अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। इससे छात्राओं को यह समझने का अवसर मिला कि पर्यावरण संरक्षण के लिए बड़े स्तर पर संसाधनों की आवश्यकता हमेशा नहीं होती, बल्कि उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण और उनका सही उपयोग भी महत्वपूर्ण है।
छात्राओं को पौधों की देखभाल का संदेश
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं रहने, बल्कि उनके संरक्षण और नियमित देखभाल पर भी ध्यान देने के लिए प्रेरित किया गया। उपस्थित छात्राओं और कर्मचारियों ने रोपे गए पौधों की सुरक्षा तथा उनके बेहतर विकास में सहयोग देने की प्रतिबद्धता जताई। इस पहल का उद्देश्य आने वाले समय में परिसर को और अधिक हरित एवं पर्यावरण अनुकूल बनाना है।
शिक्षक और कर्मचारी रहे मौजूद
वृक्षारोपण कार्यक्रम में डॉ. मनीषा जोशी, डॉ. वनश्री गोडबोले, प्रोफेसर ऋतु मथुरिया, डॉ. रूपाली रावत, डॉ. संगीता शर्मा, डॉ. संध्या डावरे, डॉ. नेहा शर्मा, डॉ. अमरीश निगम, डॉ. नेहा गुप्ता और डॉ. आशीष कपूर (Dr. Ashish Kapoor) सहित महाविद्यालय की छात्राएं एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
एनएसएस का भी मिला सहयोग
कार्यक्रम के सफल आयोजन में राष्ट्रीय सेवा योजना (Rashtriya Seva Yojana) की अधिकारी डॉ. शीतल ब्राह्मणे का समन्वय और सहयोग रहा। आयोजन के दौरान पर्यावरण संरक्षण, पौधों की देखभाल और परिसर को हरा-भरा बनाए रखने को लेकर सहभागिता का भाव देखने को मिला। महाविद्यालय की इस पहल से छात्राओं को प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी समझने और उसे अपने दैनिक व्यवहार का हिस्सा बनाने का संदेश मिला।










