Bahraich Cm Yogi: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार 25 मार्च को जनपद बहराइच के मोतीपुर तहसील में पहुंचेंगे। यहां वे भरतापुर गांव से विस्थापित ग्रामीणों को नई जमीन आवंटित करेंगे। इस कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह तैयारियों में जुटा हुआ है।
मोतीपुर तहसील के सेमरहना गांव में यह कार्यक्रम आयोजित होगा। मुख्यमंत्री यहां विस्थापित परिवारों को विकसित कॉलोनी में जमीन देकर उनका पुनर्वास करेंगे। प्रशासन ने कार्यक्रम को भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए रात-दिन मेहनत शुरू कर दी है।

आईजी ने किया कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण
सोमवार को देवीपाटन मंडल के पुलिस महानिरीक्षक अमित पाठक ने कार्यक्रम स्थल का जायजा लिया। उनके साथ पुलिस अधीक्षक राम नयन सिंह और अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) दुर्गा प्रसाद तिवारी भी मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान आईजी अमित पाठक ने सुरक्षा व्यवस्था की पूरी समीक्षा की। उन्होंने यातायात प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण, पार्किंग व्यवस्था, वीआईपी मूवमेंट, बैरिकेडिंग, प्रवेश और निकास के मार्गों सहित हर छोटी-बड़ी व्यवस्था का गहन परीक्षण किया।
आईजी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि कोई भी चूक न हो। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में हजारों की संख्या में लोग पहुंच सकते हैं, इसलिए सुरक्षा, यातायात और भीड़ प्रबंधन को चाक-चौबंद रखा जाए। पार्किंग के लिए पर्याप्त जगह चिन्हित की जाए और आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य
यह कार्यक्रम भरतापुर गांव के उन परिवारों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है जो पहले नाव दुर्घटना जैसी घटनाओं से प्रभावित हुए थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इन परिवारों को सुरक्षित जगह पर बसाने और उन्हें जमीन आवंटित करने का फैसला लिया है। सेमरहना गांव में नेशनल हाईवे के किनारे विकसित कॉलोनी में इन परिवारों को नए घर और सुविधाएं दी जाएंगी।
जिला प्रशासन ने बताया कि कार्यक्रम में मुख्यमंत्री खुद विस्थापित परिवारों को प्रतीकात्मक रूप से जमीन के दस्तावेज सौंप सकते हैं। इस मौके पर स्थानीय जनता और प्रशासनिक अधिकारी भी बड़ी संख्या में मौजूद रहेंगे।
प्रशासन की तैयारियां तेज
जिला प्रशासन ने कार्यक्रम स्थल पर स्टेज, बैठने की व्यवस्था, पेयजल, मेडिकल टीम और अन्य सुविधाओं को अंतिम रूप देने का काम शुरू कर दिया है। पुलिस विभाग ने भी सुरक्षा के कई स्तर तैयार किए हैं। आईजी के निरीक्षण के बाद अधिकारियों को और स्पष्ट दिशा-निर्देश मिल गए हैं।
पुलिस अधीक्षक राम नयन सिंह ने कहा कि यातायात को सुचारू रखने के लिए वैकल्पिक मार्गों का उपयोग किया जाएगा और बैरिकेडिंग को मजबूत बनाया जाएगा। अपर पुलिस अधीक्षक दुर्गा प्रसाद तिवारी ने भी स्थानीय पुलिस टीम को सक्रिय रहने के निर्देश दिए।
जनता में उत्साह
सेमरहना और आसपास के गांवों में मुख्यमंत्री के आने की खबर फैलते ही लोगों में उत्साह है। विस्थापित परिवारों के सदस्य कह रहे हैं कि मुख्यमंत्री की इस पहल से उनका जीवन सुरक्षित और बेहतर हो जाएगा। वे लंबे समय से इस पुनर्वास की राह देख रहे थे।










