Maharashtra Vidhan Bhavan Bomb Threat: मुंबई में आज 12 मार्च 2026 को सुबह-सुबह एक बड़ी खबर ने सबको हिला दिया। महाराष्ट्र विधान भवन (विधानसभा भवन) को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। यह धमकी एक ईमेल के जरिए आई, ठीक उसी समय जब राज्य का बजट सत्र चल रहा है। बजट सत्र में विधायक, मंत्री और अधिकारी मौजूद थे, इसलिए सुरक्षा में खासी बढ़ोतरी हो गई। पुलिस ने तुरंत परिसर खाली कराया और बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। डॉग स्क्वॉड, बम निरोधक दस्ता और भारी पुलिस बल तैनात हो गया। हालांकि बाद में जांच में यह धमकी फर्जी निकली, लेकिन पूरे दिन हड़कंप मचा रहा।
धमकी कब और कैसे मिली?/Maharashtra Vidhan Bhavan Bomb Threat
सुबह करीब 6:27 बजे विधान भवन के आधिकारिक ईमेल अकाउंट पर एक धमकी भरा ईमेल आया। ईमेल में साफ लिखा था कि विधान भवन में बम रखा गया है और इसे उड़ा दिया जाएगा। धमकी में सिर्फ विधान भवन ही नहीं, बल्कि मुंबई हाई कोर्ट, मेट्रो नेटवर्क और एक बैंक का भी जिक्र था। यह ईमेल अज्ञात व्यक्ति या ग्रुप ने भेजा था, जिसका अभी तक पता नहीं चला है।

धमकी मिलते ही विधान भवन में मौजूद सभी लोग – विधायक, कर्मचारी, पत्रकार और आम लोग – को बाहर निकाल दिया गया। सभी एंट्री और एग्जिट गेट बंद कर दिए गए। मीडिया कर्मियों को भी गेट पर रोक लिया गया। परिसर के आसपास पुलिस की भारी तैनाती कर दी गई।
सर्च ऑपरेशन और सुरक्षा व्यवस्था
मुंबई पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया। बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (बम निरोधक दस्ता) और डॉग स्क्वॉड को बुलाया गया। पूरे विधान भवन परिसर की छानबीन शुरू हो गई। हर कमरे, गलियारे और संदिग्ध जगह की जांच की गई। स्निफर डॉग्स ने भी पूरे इलाके को सूंघकर चेक किया।
महाराष्ट्र के गृह राज्य मंत्री पंकज भोईर ने मीडिया को बताया कि धमकी मिलने के बाद तुरंत कार्रवाई हुई। उन्होंने कहा कि जांच चल रही है और ईमेल भेजने वाले का पता लगाने के लिए साइबर सेल सक्रिय है। पुलिस बैक-ट्रैकिंग कर रही है कि ईमेल कहां से आया।
विधान परिषद के अध्यक्ष राम शिंदे ने भी कहा कि ईमेल में विधान भवन, हाई कोर्ट, मेट्रो और बैंक को उड़ाने की बात कही गई थी। लेकिन जांच में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला।
बजट सत्र पर क्या असर पड़ा?
महाराष्ट्र विधानसभा का बजट सत्र इन दिनों चल रहा है। यह सत्र काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें राज्य का पूरा बजट पेश किया जाता है। विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच बहस भी तेज चल रही है। धमकी मिलने से सत्र में थोड़ी देरी हुई। परिसर खाली होने के कारण सुबह की कुछ कार्यवाही प्रभावित हुई। लेकिन बाद में जब सर्च में कुछ नहीं मिला, तो सत्र फिर से शुरू हो गया।
मुंबई हाई कोर्ट का भी जिक्र, पहले भी मिली थीं धमकियां
धमकी वाले ईमेल में मुंबई हाई कोर्ट का नाम भी था। पिछले कुछ महीनों में मुंबई हाई कोर्ट को कई बार बम धमकियां मिल चुकी हैं। सितंबर 2025 और दिसंबर 2025 में भी कोर्ट को ऐसे ईमेल आए थे, जिनमें बम से उड़ाने की बात कही गई थी। हर बार परिसर खाली कराया गया, सर्च हुआ, लेकिन ज्यादातर मामलों में धमकियां फर्जी निकलीं।
पुलिस का कहना है कि ऐसे फर्जी धमकियां अब आम हो गई हैं। हाल ही में एक व्यक्ति को पकड़ा गया था, जिसने 50 से ज्यादा जगहों को बम धमकियां भेजी थीं।
जांच में निकला फर्जी, लेकिन सतर्कता बरती जा रही
संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून व्यवस्था) सत्यनारायण ने मीडिया को बताया कि यह धमकी एक होक्स (फर्जी) थी। सर्च ऑपरेशन में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला। परिसर को सुरक्षित घोषित कर दिया गया है। लेकिन इसके बावजूद सुरक्षा बढ़ा दी गई है। ईमेल ट्रेस करने की कोशिश जारी है।
ऐसी धमकियां समाज में डर फैलाती हैं और सरकारी कामकाज प्रभावित करती हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर कोई संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत सूचना दें।
निष्कर्ष
आजकल फर्जी धमकियां भेजना कितना आसान हो गया है। महाराष्ट्र पुलिस अब साइबर क्राइम पर ज्यादा फोकस कर रही है। बजट सत्र बाकी दिनों में भी जारी रहेगा और सुरक्षा व्यवस्था पहले से ज्यादा कड़ी रहेगी।










