Raebareli : उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। मिल एरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले महा ब्राह्मण का पुरवा गांव (बंदरा मऊ के निकट) के सैकड़ों ग्रामीण शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचे और एक युवती पर गंभीर आरोप लगाते हुए न्याय की मांग की। ग्रामीणों का दावा है कि गांव की ही एक युवती ने उनके परिवार के एक सदस्य को फर्जी तरीके से भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (बलात्कार) के मामले में फंसाने की कोशिश की है।
ग्रामीणों ने एसपी को सौंपे शिकायती पत्र में मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। पीड़ित पक्ष का कहना है कि यह आरोप पूरी तरह झूठा और बदले की भावना से प्रेरित है, जिससे उनके परिवार की इज्जत और सामाजिक प्रतिष्ठा को गहरा आघात पहुंचा है।

क्या है पूरा मामला?
ग्रामीणों के अनुसार, गांव की युवती ने उनके घर के एक युवक पर फर्जी बलात्कार का आरोप लगाया है। पीड़ित परिवार और ग्रामीणों का दावा है कि यह मामला आपसी रंजिश या किसी व्यक्तिगत विवाद का नतीजा है। उन्होंने आरोप लगाया कि युवती द्वारा लगाया गया केस पूरी तरह आधारहीन है और इसका मकसद परिवार को बदनाम करना तथा कानूनी रूप से परेशान करना है।
शिकायतकर्ताओं ने बताया कि इस फर्जी मामले से पूरा गांव आक्रोशित है। सैकड़ों की संख्या में महिलाएं, पुरुष और बुजुर्ग एसपी कार्यालय पहुंचे और नारेबाजी करते हुए न्याय की अपील की। उन्होंने एसपी से आग्रह किया कि मामले की गहन जांच कराई जाए, ताकि सच सामने आए और निर्दोष व्यक्ति को राहत मिल सके।
पीड़ित परिवार का बयान
पीड़ित परिवार के सदस्यों ने मीडिया से बातचीत में कहा, “हमारा लड़का पूरी तरह निर्दोष है। यह आरोप सिर्फ बदला लेने के लिए लगाया गया है। गांव की यह युवती जानबूझकर झूठा केस कर रही है, जिससे हमारे पूरे परिवार पर संकट आ गया है। हम एसपी साहब से न्याय की उम्मीद लेकर आए हैं। जांच होनी चाहिए, ताकि सच बाहर आए और फर्जी आरोप लगाने वालों पर कार्रवाई हो।”
एक अन्य ग्रामीण ने कहा, “ऐसे फर्जी मामलों से निर्दोष लोगों की जिंदगी बर्बाद हो जाती है। पुलिस को निष्पक्ष जांच करनी चाहिए और दोषी को सजा मिलनी चाहिए। हम सब गांव वाले एकजुट होकर न्याय मांग रहे हैं।”
पुलिस की प्रतिक्रिया
एसपी कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिकायत प्राप्त होने के बाद मामले को संबंधित थाने में जांच के लिए भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि सभी पक्षों के बयान लिए जाएंगे और तथ्यों की गहराई से पड़ताल की जाएगी। यदि आरोप फर्जी साबित होते हैं, तो शिकायतकर्ता के खिलाफ भी उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
यह मामला रायबरेली जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और ग्रामीणों का आंदोलन जारी है। आगे की जांच पर सभी की निगाहें टिकी हैं










