Raebareli News: जमुरवा बॉर्डर पर नदी में मिला 35 वर्षीय युवक का शव

रायबरेली : उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के महराजगंज थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना ने स्थानीय लोगों में सनसनी फैला दी है। जमुरवा बॉर्डर पर बह रही नदी में तैरता हुआ एक युवक का शव मिलने से इलाके में सन्नाटा छा गया। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस और परिजनों ने शव की पहचान चोखे का पुरव

Oct 05, 2025 - 14:58
Updated: 10 months ago
0 0
dead_body.webp

रायबरेली : उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के महराजगंज थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना ने स्थानीय लोगों में सनसनी फैला दी है। जमुरवा बॉर्डर पर बह रही नदी में तैरता हुआ एक युवक का शव मिलने से इलाके में सन्नाटा छा गया। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस और परिजनों ने शव की पहचान चोखे का पुरवा निवासी 35 वर्षीय मुकेश कुमार के रूप में कर ली। मुकेश बचपन से ही अपने मामा के घर पर रहते थे और उनके जीवन की कहानी संघर्षों से भरी हुई थी। इस घटना ने न केवल परिवार को गहरा सदमा दिया है, बल्कि पूरे गांव में सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर मुकेश की मौत का रहस्य क्या है?

घटना का विवरण: सुबह घर से निकले, दोपहर नदी में मिला शव

मुकेश कुमार, पुत्र स्वर्गीय राजाराम, चोखे का पुरवा के निवासी थे। उनके जीवन की शुरुआत ही दर्दनाक रही। बचपन में ही उनके माता-पिता का निधन हो गया था, जिसके बाद वे अपने मामा के घर चौकी का पुरवा चले गए। मामा-मामी ने न केवल उनका पालन-पोषण किया, बल्कि उनकी पढ़ाई-लिखाई और विवाह तक की सारी जिम्मेदारियां निभाईं। गांव वाले बताते हैं कि मुकेश एक मेहनती और शांत स्वभाव का व्यक्ति था। वह खेती-बाड़ी का काम करता था और परिवार के साथ सुखी जीवन व्यतीत कर रहा था।

परिजनों के अनुसार, रविवार सुबह करीब 6 बजे मुकेश घर से निकले थे। उनका कहना था कि वे नजदीकी खेतों का जायजा लेने जा रहे हैं। लेकिन शाम ढलते-ढलते जब वे लौटे नहीं, तो परिवार में चिंता की लहर दौड़ गई। मामा उमेश कुमार ने बताया, "मुकेश हमारा अपना बेटा जैसा था। हमने सुबह ही उसे चाय पिलाई थी। वह हमेशा समय पर लौट आता था, लेकिन आज ऐसा नहीं हुआ। हमने पूरे इलाके में तलाशी ली, लेकिन कहीं कोई सुराग नहीं मिला।"

लगभग दोपहर 3 बजे, जमुरवा बॉर्डर से गुजरने वाली नदी के किनारे कुछ ग्रामीण पानी में तैरता हुआ शव देखकर हैरान रह गए। उन्होंने तुरंत चीखें मारनी शुरू कर दीं और आसपास के लोगों को बुलाया। सूचना मिलते ही मुकेश के परिजन मौके पर पहुंचे। शव को नदी से बाहर निकालने के बाद पहचान हुई कि यह उनका ही अपना मुकेश है। मामा उमेश ने आंसू भरी आंखों से कहा, "उसे देखते ही हमारा दिल बैठ गया। वह इतना स्वस्थ था, आखिर नदी में कैसे? क्या कोई दुर्घटना हुई या कुछ और?"

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई: पोस्टमॉर्टम के बाद खुलेगा राज

घटना की सूचना मिलते ही महराजगंज थाने की पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई। एसएचओ राजेश कुमार ने बताया, "शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। प्रारंभिक जांच में कोई संदिग्ध परिस्थिति नहीं दिख रही, लेकिन हम हर पहलू की पड़ताल कर रहे हैं। नदी के आसपास के इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है ताकि कोई सुराग मिल सके।" पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर लिए हैं और मामले को संदिग्ध मौत के रूप में रजिस्टर किया है।

स्थानीय प्रशासन ने भी त्वरित कार्रवाई की। एसडीएम महराजगंज ने परिवार को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा, "हम इस घटना की गहन जांच करवा रहे हैं। यदि कोई लापरवाही या बाहरी हस्तक्षेप पाया गया, तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। परिवार को आर्थिक सहायता और अन्य जरूरी मदद प्रदान की जाएगी।"

गांव में शोक की लहर

चौकी का पुरवा और चोखे का पुरवा गांवों में शोक की चादर बिछ गई है। मुकेश के विवाह को अभी तीन वर्ष ही हुए थे और उनकी पत्नी सीता देवी गर्भवती हैं। गांव की महिलाओं ने बताया, "मुकेश बहुत अच्छा इंसान था। वह हमेशा मदद के लिए तैयार रहता था। नदी का पानी इतना उफान पर भी नहीं था, तो यह कैसे संभव है?" ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में नदियों के किनारे सुरक्षा के इंतजाम कमजोर हैं, जिससे ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।

मुकेश के चचेरे भाई रामू ने दुखी स्वर में कहा, "वह बचपन से ही हमारे साथ खेला-कूदा। मामा जी ने उसे कभी कमी महसूस नहीं होने दी। आज हम सब टूट गए हैं। कम से कम यह तो पता चल जाए कि आखिर क्या हुआ।"

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User