FAA Advisory Mexico Military Activity: 17 जनवरी 2026 को दुनिया की नजरें लैटिन अमेरिका पर टिकी हैं। अमेरिका ने हाल ही में वेनेजुएला पर बड़ा मिलिट्री ऑपरेशन चलाया, जिसमें राष्ट्रपति निकोलस मदुरो को गिरफ्तार कर लिया गया। अब सवाल उठ रहा है – क्या वेनेजुएला के बाद अगला निशाना मेक्सिको होगा? अमेरिकी फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) ने 16 जनवरी को एयरलाइंस के लिए एक बड़ी एडवाइजरी जारी की है। इसमें मेक्सिको, सेंट्रल अमेरिका और दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों के ऊपर उड़ान भरते समय “सावधानी बरतने” की सलाह दी गई है। वजह बताई गई है – संभावित मिलिट्री एक्टिविटी और GPS सिग्नल में दखल।
FAA की एडवाइजरी: क्या है इसमें?/FAA Advisory Mexico Military Activity
FAA ने कई NOTAMs (Notices to Airmen) जारी किए हैं। ये मेक्सिको, सेंट्रल अमेरिकी देशों (जैसे पनामा, कोस्टा रिका), कोलंबिया, इक्वाडोर और पूर्वी प्रशांत महासागर के कुछ एरिया पर लागू हैं। यह एडवाइजरी 60 दिनों के लिए है, यानी मार्च तक चलेगी। इसमें कहा गया है कि सभी ऊंचाइयों पर उड़ान के दौरान खतरा हो सकता है। GPS इंटरफेरेंस से नेविगेशन सिस्टम प्रभावित हो सकता है, जो प्लेन के लिए खतरनाक है।

FAA का कहना है कि यह सिर्फ अमेरिकी एयरलाइंस और ऑपरेटर्स के लिए है। मेक्सिको की सरकार ने कहा कि उनके एयरस्पेस पर कोई पाबंदी नहीं है, और यह सिर्फ एक सावधानी है। लेकिन पिछले वेनेजुएला ऑपरेशन के बाद कैरेबियन में फ्लाइट्स पर रोक लगी थी, जिससे सैकड़ों उड़ानें कैंसल हो गई थीं। अब लोग सोच रहे हैं कि क्या यह मेक्सिको पर कोई बड़ा ऑपरेशन की तैयारी है?
वेनेजुएला ऑपरेशन: क्या हुआ था?
3 जनवरी 2026 को अमेरिका ने वेनेजुएला पर स्पेशल फोर्सेस ऑपरेशन चलाया। इसमें कैराकास में हमले किए गए और राष्ट्रपति निकोलस मदुरो व उनकी पत्नी को गिरफ्तार कर न्यूयॉर्क ले जाया गया। अमेरिका ने उन्हें ड्रग ट्रैफिकिंग और नार्को-टेररिज्म के आरोपों में वांछित बताया। ट्रंप प्रशासन ने इसे “कानून प्रवर्तन” का काम कहा, लेकिन दुनिया भर में इसे मिलिट्री इंटरवेंशन माना गया।
इसके बाद FAA ने कैरेबियन एयरस्पेस में सावधानी बरतने को कहा था। कई एयरलाइंस ने फ्लाइट्स रोकीं। ट्रंप ने कहा कि वेनेजुएला में अमेरिका अब “कंट्रोल” में है और तेल का फायदा दोनों देशों को होगा। लेकिन ब्राजील, मैक्सिको, कोलंबिया, स्पेन जैसे देशों ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया।
ट्रंप के बयान: मेक्सिको पर खतरा?
ट्रंप ने पिछले हफ्ते फॉक्स न्यूज में कहा था – “कार्टेल मेक्सिको चला रहे हैं। हम अब जमीन पर हमले शुरू करेंगे।” उन्होंने ड्रग कार्टेल्स के खिलाफ लैंड टारगेट स्ट्राइक्स की बात की। ट्रंप ने कोलंबिया पर भी हमले की संभावना जताई। FAA एडमिनिस्ट्रेटर ब्रायन बेडफोर्ड ने कहा कि वेनेजुएला ऑपरेशन से पहले मिलिट्री और FAA में अच्छा कोऑर्डिनेशन था। अब यह नई एडवाइजरी उसी पैटर्न की लग रही है।
मेक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शीनबॉम ने कहा – “हम कार्टेल्स से लड़ रहे हैं, अच्छे रिजल्ट्स आ रहे हैं। मिलिट्री इंटरवेंशन से कुछ नहीं होगा।” मेक्सिको सरकार ने FAA एडवाइजरी को सिर्फ प्रीकॉशन बताया और कहा कि उनके एयरलाइंस पर कोई असर नहीं।
क्या होगा आगे? विश्लेषकों की राय
विश्लेषक कहते हैं कि वेनेजुएला जैसा बड़ा ऑपरेशन मेक्सिको में मुश्किल है। मेक्सिको अमेरिका का पड़ोसी है, ट्रेड और माइग्रेशन में गहरा रिश्ता है। अगर हमला हुआ तो अर्थव्यवस्था, बॉर्डर और ड्रग फाइट पर बुरा असर पड़ेगा। लेकिन ट्रंप की पॉलिसी आक्रामक है – उन्होंने ग्रीनलैंड, क्यूबा, ईरान पर भी बात की है। FAA एडवाइजरी से एयरलाइंस रूट बदल सकती हैं, फ्लाइट्स महंगी या कैंसल हो सकती हैं।
यह स्थिति लैटिन अमेरिका में तनाव बढ़ा रही है। ब्राजील, कोलंबिया जैसे देश सतर्क हैं। अमेरिका कहता है कि यह ड्रग्स और सिक्योरिटी के लिए है, लेकिन कई देश इसे साम्राज्यवाद मानते हैं। फिलहाल कोई बड़ा हमला नहीं हुआ, लेकिन एडवाइजरी से सवाल जरूर खड़े हो रहे हैं – वेनेजुएला के बाद मेक्सिको पर हमला होगा या नहीं?










