Eighth Pay Commission : केंद्र सरकार के वित्त मंत्रालय द्वारा 3 नवंबर 2025 को जारी 8वें वेतन आयोग के गठन संबंधी जारी संकल्प पत्र में पहली बार पेंशनरों के पेंशन पुनरीक्षण एवं अन्य लाभों का कोई उल्लेख न होने से पूरे देश के पेंशनरों में भारी रोष व्याप्त हो गया है। पांचवें, छठे और सातवें वेतन आयोग में पैरा-3 के बिंदु ‘च’ में स्पष्ट रूप से पेंशनरों के लिए पेंशन पुनरीक्षण का प्रावधान सुरक्षित रखा गया था, लेकिन इस बार पेंशनरों को पूरी तरह अलग कर देने के निर्णय को राष्ट्र के बुजुर्गों के साथ अन्याय बताया जा रहा है।
इसी क्रम में आज सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन, जनपद रायबरेली ने प्रांतीय संगठन के आव्हान पर देशव्यापी आंदोलन के तहत रायबरेली में अनोखा व भावपूर्ण प्रदर्शन किया। पेंशनरों ने मोमबत्ती जलाकर माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी मोदी एवं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि “जिन बुजुर्गों ने जीवनभर देश की सेवा की, अंग्रेजों ने भी उनके बुढ़ापे का सम्मान करते हुए पेंशन की व्यवस्था शुरू की थी। आजाद भारत की सरकार अपने बुजुर्गों को 8वें वेतन आयोग के लाभ से वंचित न करे।”

प्रदर्शन का क्रम इस प्रकार रहा :
- पेंशनर भवन (निकट रेलवे स्टेशन) से सैकड़ों पेंशनरों ने हाथों में मोमबत्ती एवं तख्तियां लेकर जुलूस प्रारंभ किया।
- पुलिस लाइन, कचहरी रोड होते हुए डिग्री कॉलेज चौराहा पहुंचकर सभी ने एक साथ मोमबत्ती जलाई और मौन धारण कर सरकार से पेंशन पुनरीक्षण बहाल करने की अपील की।
- इसके बाद शहीद चौक पर पहुंचकर जोरदार नारेबाजी की गई।
- अंत में जुलूस कलेक्ट्रेट पहुंचा जहां लगभग 400 पेंशनरों ने उपस्थित होकर नगर मजिस्ट्रेट श्रीमती दिव्या मित्तल को माननीय प्रधानमंत्री एवं वित्त मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन सौंपने वाले प्रमुख पेंशनर एवं पदाधिकारी :
- प्रो. आर.पी. सिंह (पूर्व प्राचार्य, फिरोज गांधी पीजी कॉलेज)
- राम बहादुर वर्मा
- प्रो. ओम प्रकाश गुप्ता
- प्रो. भूपेंद्र देव सिंह
- प्रो. राजेंद्र बहादुर श्रीवास्तव
- प्रो. चंपा श्रीवास्तव
- संरक्षक बी.एन. यादव एवं दयाराम यादव
- बी.एस. सक्सेना, इन्द्रपाल सिंह, सियाराम वर्मा
- आर.बी. वर्मा, आर.बी. यादव, सच्चिदानंद शुक्ला
- राजेंद्र सिंह, दीपक कुमार श्रीवास्तव
- हरिश्चंद्र श्रीवास्तव (संयुक्त आयुक्त सेवानिवृत्त)
- राज नारायण निर्मल (उप जिलाधिकारी सेवानिवृत्त)
- भैया दिनेश कुमार तिवारी, रामअसरे यादव, राजकुमार सिंह ‘शहीद’ सहित सैकड़ों महिला-पुरुष पेंशनर उपस्थित रहे।
पेंशनरों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही 8वें वेतन आयोग के संकल्प पत्र में पेंशन पुनरीक्षण का स्पष्ट उल्लेख कर सुधार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि यह पहला अवसर है जब केंद्र सरकार ने पेंशनरों को पूरी तरह नजरअंदाज किया है, जो अस्वीकार्य है।
रायबरेली से यह संदेश पूरे देश के पेंशनरों तक पहुंचा कि बुजुर्गों का सम्मान और उनका हक कोई सरकार छीन नहीं सकती।










