सतबरवा प्रखंड के रबदा पंचायत के सलैया गांव के ग्रामीणों ने सीडीपीओ पलामू को पत्र लिखकर सरपंच, ग्राम प्रधान, मुखिया और आंगनबाड़ी सेविका की मिलीभगत से गलत सर्वे कर नवगठित सलैया आंगनबाड़ी सेविका चयन का आरोप लगाते हुए इसे निरस्त करने का आग्रह किया है। ग्रामीण पप्पू कुमार ने बताया कि सलैया गांव में अनुसूचित जाति की आबादी 472 है। जबकि अनुसूचित जनजाति की 237 तथा पिछड़ी जाति की आबादी 70 है। जबकि सर्वे में अनुसूचित जनजाति की संख्या अधिक दिखाकर आंगनबाड़ी सेविका के पद को अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित कर दिया गया है। विगत 16 अगस्त को सेविका चयन के लिए तिथि निर्धारित की गई थी जो फिलहाल ग्रामीणों के विरोध के कारण स्थगित कर दी गई है। ग्रामीणों ने पत्र के माध्यम से सीडीपीओ पलामू से पुनः सर्वे कर वास्तविक आबादी के आधार पर सेविका चयन का आग्रह किया है। जसमती देवी, विमलेश भुईयाँ, अंगद कुमार प्रदीप भुईयां, सुखलाल भुईयां, मनोज भुईयां, राजनाथ भूईयाँ, संजय भूईयाँय, प्यारी भुईयाँ, शिवकुमार, मंटू कुमार, अनार देवी, रीना देवी, अर्जुन भुईयाँ, सीताराम भूईयाँ, सूखती देवी, कलावती देवी समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने इसका विरोध किया है।











