रायबरेली : लालगंज तहसील क्षेत्र के सरेनी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात अधीक्षक पर गंभीर आरोप महिला स्टाफ नर्स ने लगाते हुए सीएम हेल्पलाइन नंबर पर शिकायत की गई है। एक तरफ उत्तर प्रदेश सरकार महिलाओं को लेकर भले ही तरह-तरह के नियम कानून बनाए हो मगर जो जिम्मेदार अधिकारी हैं उनके ऊपर कोई फर्क पड़ता नजर नहीं आ रहा है। ताजा मामला स्वतंत्रता प्रभार राज्य मंत्री दिनेश प्रताप सिंह के गृह जनपद रायबरेली का है। जहाँ एक महिला स्टॉफ नर्स ने सीएचसी अधीक्षक पर छेड़छाड़ व अभद्रता का आरोप लगाया है। साथ ही इस पूरे मामले क शिकायत 1090, 1076 व पुलिस से की गई है। वही इस मामले में सीएमओ डॉ नवीन चंद्रा से बात की गयी, तो उन्होंने कहा जांच कर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की जाएगी मामला रायबरेली जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरेनी का है, यहां पर तैनात सीएचसी अधीक्षक डॉ राजेश गौतम पर वही तैनात स्टॉफ नर्स ने गंभीर आरोप लगाए हैं, पीड़िता का आरोप है कि सीएचसी अधीक्षक रात में अपने कमरे में बुलाते है,वही वहां जाने पर छेड़छाड़ करते है। साथ ही विरोध करने पर अभद्रता करते है,यही नही रात में बार बार फोन कर थे, इस सबसे आजिज आंकर मैंने विरोध किया है और इसकी शिकायत भी की है।
पीड़िता का यहां तक कहना है कि अगर ऐसा होता रहा तो वह नौकरी नहीं कर पायेगी, पीड़िता ने दोषी सीएचसी अधीक्षक पर कार्रवाई की मांग की है और सम्बंधित को लिखित सूचना भी दी है। वही इस मामले में आरोपी सीएचसी अधीक्षक डॉ राजेश गौतम ने सभी आरोपो का खंडन किया है और कहा कि हम जा रहे है। बैठ कर बात करके मामला को सुलझा लेंगे। वही इस मामले में जब सीएमओ डॉ नवीन चंद्रा से बात की गई तो उन्होंने इस मामले पर कहा की जांच कर कठोर कार्रवाई की जाएगी। अब सवाल यह उठता है कि अगर सरकारी विभागों में महिलाये सुरक्षित नहीं रहेगी, तो फिर सड़को पर कैसे रहेगीं। अब देखने वाली बात यह है कि पीड़िता की शिकायत पर किस तरह जांच होती है और जांच में क्या तथ्य निकलकर सामने आते है। यह तो आने वाला समय ही बताएगा वही सरेनी पुलिस ने एप्लीकेशन के आधार पर मुकदमा दर्ज कर रही है।











