गोमिया: बोकारो जिले के गोमिया थाना क्षेत्र में एक युवती के अपहरण मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। कोठीटांड इलाके के पलिहारी गुरूडीह निवासी रंजीत पासवान ने अपनी पुत्री के अचानक लापता होने और अपहरण की आशंका को लेकर गोमिया थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। मामला दर्ज होते ही पुलिस प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया और जांच तेज कर दी।
शुरुआती जांच में पुलिस के हाथ ज्यादा सुराग नहीं लगे, लेकिन परिवार के बयान और कुछ तकनीकी इनपुट के आधार पर पुलिस लगातार मामले की कड़ियां जोड़ती रही।

एसआईटी गठन के बाद जांच ने पकड़ी रफ्तार
पुलिस अधीक्षक बोकारो के निर्देश पर मामले के उद्भेदन के लिए विशेष एसआईटी टीम बनाई गई। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बेरमो-तेनुघाट के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी निगरानी, मोबाइल लोकेशन और गुप्त सूचना के सहारे जांच आगे बढ़ाई।
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि युवती को अपहरण कर मुंबई ले जाया गया है। सूचना मिलते ही बोकारो पुलिस ने बिना समय गंवाए मुंबई के लिए रवाना होकर वहां स्थानीय सहयोग से छापेमारी शुरू की।
मुंबई में दबिश, युवती सकुशल बरामद
कई घंटों की तलाश और निगरानी के बाद पुलिस टीम ने मुंबई से युवती को सुरक्षित बरामद कर लिया। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मामले में शामिल दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कुमार साव और कुंदन कुमार के रूप में हुई है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है ताकि अपहरण के पीछे की पूरी साजिश और अन्य संभावित संलिप्त लोगों की जानकारी जुटाई जा सके।
पुलिस टीम की मेहनत लाई रंग
इस पूरे ऑपरेशन में गोमिया थाना और तकनीकी शाखा के अधिकारियों की अहम भूमिका रही। पुलिस टीम ने लगातार समन्वय बनाकर कार्रवाई को सफल बनाया।
- ऑपरेशन में शामिल अधिकारी और कर्मी:
- पु०अ०नि० बिरसा बाड़ा (अनुसंधानकर्ता)
- पु०अ०नि० अरुण कुमार
- महिला आरक्षी सोनी कुमारी
- चौकीदार विकास कुमार
- तकनीकी शाखा, बोकारो
पुलिस अधिकारियों के अनुसार युवती पूरी तरह सुरक्षित है और आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
कार्रवाई बनी इलाके में चर्चा का विषय
गोमिया और आसपास के क्षेत्रों में इस कार्रवाई की काफी चर्चा हो रही है। लोगों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तकनीकी जांच की सराहना की है। परिजनों ने भी पुलिस प्रशासन का आभार जताया है कि उनकी बेटी को सुरक्षित वापस लाया गया।
पुलिस अब इस मामले के सभी पहलुओं की गहराई से जांच कर रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि घटना के पीछे केवल दो आरोपी थे या कोई बड़ा नेटवर्क भी सक्रिय था।









