Viral Appeal DM Winter School Holidays: उत्तर प्रदेश के संभल जिले में इन दिनों सोशल मीडिया एक बार फिर लोगों की आवाज बनकर उभरा है। जिले में ‘डीएम से गुहार’ या ‘संभल डीएम से गुहार’ जैसा ट्रेंड तेजी से वायरल हो रहा है। वजह है कुछ मासूम बच्चियों की एक साधारण सी अपील, जो भीषण ठंड में स्कूल जाने की परेशानी बता रही थीं। बच्चियों ने वीडियो बनाकर जिलाधिकारी राजेंद्र पेंसिया से कुछ दिनों की छुट्टी मांग की। उनकी मासूम आवाज और सच्ची शिकायत ने हजारों लोगों का दिल जीत लिया। लोग वीडियो को शेयर करते गए और डीएम से अपील करने लगे कि बच्चों की बात सुनी जाए।
दरअसल, संभल के चमन सराय इलाके में रहने वाली दो बहनें मरियम फातिमा वारसी और कशिश फातिमा वारसी के साथ कुछ अन्य बच्चियों ने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट किया। वीडियो में वे हाथ जोड़कर कह रही थीं, “डीएम अंकल, बहुत ठंड पड़ रही है। सुबह उठकर नहाना और स्कूल जाना मुश्किल हो रहा है। प्लीज कुछ दिनों की छुट्टी दे दीजिए।” बच्चियों की यह अपील इतनी प्यारी और सच्ची थी कि देखते ही देखते वायरल हो गई। लोग कमेंट्स में लिखने लगे कि ठंड तो सच में बहुत है, बच्चों को राहत मिलनी चाहिए।

पहले भी डीएम ने दिखाई थी संवेदनशीलता/Viral Appeal DM Winter School Holidays
यह कोई पहली बार नहीं है जब संभल के डीएम राजेंद्र पेंसिया ने सोशल मीडिया पर आई अपील पर तुरंत एक्शन लिया हो। कुछ दिनों पहले ही जिले में दो अन्य मासूम बच्चियों ने वीडियो बनाकर डीएम से गुहार लगाई थी। उनके घर की छत के ऊपर से 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन बिजली की लाइन गुजर रही थी, जो करीब 15 साल से बंद पड़ी थी। उस लाइन की वजह से परिवार ऊपर मंजिल नहीं बना पा रहा था और डर भी लगा रहता था। बच्चियों ने वीडियो में कहा था, “प्लीज डीएम अंकल, ये मौत का तार हटवा दीजिए।” वह वीडियो भी वायरल हुआ और डीएम साहब ने 24 घंटे के अंदर बिजली विभाग को निर्देश देकर लाइन हटवा दी। बच्चियों ने बाद में धन्यवाद वाला वीडियो भी पोस्ट किया।
इस घटना के बाद संभल में ‘डीएम से गुहार’ लगाने का चलन और ज्यादा लोकप्रिय हो गया। लोग समझ गए कि सोशल मीडिया के जरिए अपनी समस्या सीधे जिलाधिकारी तक पहुंचाई जा सकती है और अगर बात सच्ची हो तो सुनवाई भी होती है। यही वजह है कि अब ठंड की छुट्टी वाली अपील पर भी लोगों ने इतना सपोर्ट किया।
डीएम के फैसला से छात्रों- अभिभावकों में खुशी की लहर
बच्चियों का नया वीडियो बृहस्पतिवार को वायरल हुआ। हजारों लोगों ने इसे शेयर किया और डीएम से बच्चों की परेशानी समझने की अपील की। देर रात तक वीडियो ट्रेंड करने लगा। जिलाधिकारी राजेंद्र पेंसिया ने इस पर तुरंत संज्ञान लिया। उन्होंने ठंड की स्थिति को देखते हुए जिले के सभी स्कूलों में दो दिन की छुट्टी घोषित कर दी। आदेश जारी होते ही छात्रों और अभिभावकों में खुशी की लहर दौड़ गई। बच्चे तो खुश हैं ही कि अब ठंड में आराम से घर पर रहेंगे। अभिभावक का कहना हैं कि फैसला बिल्कुल सही समय पर लिया गया।
संभल में इन दिनों ठंड काफी तेज हो गई है। सुबह-सुबह कोहरा और कड़ाके की सर्दी से छोटे बच्चों को स्कूल भेजना सच में मुश्किल हो रहा था। कई अभिभावकों ने खुद भी सोचा था कि शिकायत करें, लेकिन बच्चियों के वीडियो ने सबकी आवाज बन गई। डीएम का यह कदम दिखाता है कि प्रशासन आम लोगों की छोटी-छोटी समस्याओं को भी गंभीरता से ले रहा है।
सोशल मीडिया ने बदला प्रशासन का चेहरा
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि सोशल मीडिया कितनी बड़ी ताकत बन चुका है। पहले लोग थाने-दफ्तर के चक्कर काटते रहते थे, लेकिन अब एक वीडियो से समस्या हल हो जा रही है। संभल के डीएम की कार्यशैली की चारों तरफ तारीफ हो रही है। लोग कह रहे हैं कि ऐसे अधिकारी से जिले को फायदा हो रहा है। वे न सिर्फ संवेदनशील हैं, बल्कि त्वरित कार्रवाई भी करते हैं।
अभिभावक बोले, “बच्चों की बात सुनकर डीएम साहब ने जो फैसला लिया, वह सराहनीय है। ठंड में छोटे बच्चों को स्कूल भेजना जोखिम भरा होता है।” छात्र भी खुश हैं और सोशल मीडिया पर डीएम को थैंक्स बोल रहे हैं। कुछ लोगों का कहना है कि अन्य जिलों के डीएम भी संभल से सीख लें।
निष्कर्ष
संभल की यह कहानी बताती है कि अगर आवाज सच्ची हो तो वह जरूर सुनी जाती है। बच्चियों की मासूम अपील ने न सिर्फ छुट्टी दिलवाई, बल्कि यह भी दिखाया कि सोशल मीडिया सकारात्मक बदलाव ला सकता है। डीएम राजेंद्र पेंसिया की संवेदनशीलता ने लोगों का भरोसा बढ़ाया है। उम्मीद है कि ऐसे उदाहरण दूसरे जिलों में भी देखने को मिलेंगे। आखिरकार, प्रशासन का काम जनता की सेवा करना ही तो है।










