नोएडा : नोएडा (Noida) साइबर क्राइम पुलिस (Cyber Crime Police) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चाइनीज मूल के एक अंतरराष्ट्रीय ठग गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिसने देशभर में 35 करोड़ रुपये से अधिक की ऑनलाइन निवेश ठगी की थी। पुलिस ने इस मामले में 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम हैं – अर्जुन सिंह, पंकज गुप्ता, रूपेंद्र और तेजपाल। ये सभी उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और चाइनीज मास्टरमाइंड के लिए भारत में लोकल एजेंट का काम कर रहे थे।

पुलिस के अनुसार, ये आरोपी स्थानीय लोगों के संपर्क में आकर कमीशन का लालच देकर फर्जी GST रजिस्ट्रेशन, फर्जी फर्म और करंट बैंक खाते खुलवाते थे। इसके बाद इन खातों का इस्तेमाल चाइनीज ठग गिरोह द्वारा पीड़ितों से ठगे गए करोड़ों रुपये को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करने और फिर विदेश भेजने में किया जाता था।
हाल ही में हुए 12 करोड़ रुपये के एक बड़े फ्रॉड केस में भी यही आरोपी शामिल पाए गए थे। उस केस में पुलिस ने दर्जनों बैंक खाते फ्रीज किए थे।
गिरफ्तारी के समय पुलिस ने आरोपियों के पास से बरामद किया
- 60 से अधिक बैंक खातों की पासबुक, चेकबुक व डेबिट कार्ड
- 5 महंगे iPhone
- कई सिम कार्ड, लैपटॉप और फर्जी दस्तावेज
आरोपियों को बोटेनिकल गार्डन मेट्रो स्टेशन के पास से गिरफ्तार किया गया।
डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (साइबर क्राइम) शैव्या गोयल ने बताया, “यह गिरोह चाइनीज हैंडलर के इशारे पर काम कर रहा था। ये लोग फर्जी निवेश स्कीम, शेयर ट्रेडिंग और IPO के नाम पर लोगों को ठगते थे। हमने इनके नेटवर्क को काफी हद तक तोड़ दिया है और आगे की जांच जारी है।”
साइबर जागरूकता के लिए जरूरी सलाह
- किसी भी अनजान निवेश संबंधी ईमेल या लिंक को बिना पूरी जांच किए कभी न खोलें।
- निवेश से जुड़े किसी विवाद की शिकायत केवल SEBI की आधिकारिक वेबसाइट पर ही करें।
- किसी अज्ञात Telegram या WhatsApp ग्रुप में न जुड़ें और वहां दिखाए जा रहे मोटे मुनाफे पर कभी भरोसा न करें।
- शेयर ट्रेडिंग या IPO में निवेश सिर्फ बैंक या अधिकृत डीमैट सर्विस प्रोवाइडर के जरिए ही करें। कभी किसी के पर्सनल बैंक खाते में पैसे न डालें।
- कोई भी अनजान ऐप डाउनलोड न करें, खासकर जब कोई ग्रुप मेंबर लिंक भेजकर ऐसा कहे।
अगर आपके साथ साइबर ठगी हो जाए तो तुरंत नजदीकी थाने में शिकायत करें, हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें और https://cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन रिपोर्ट दर्ज कराएं।
जितनी जल्दी शिकायत करेंगे, उतनी ही जल्दी आपका पैसा वापस आने की संभावना बढ़ेगी।










