Raebareli : रायबरेली कलेक्ट्रेट परिसर में बुधवार 11 मार्च 2026 को उस समय मामला शांत हुआ जब नगर मजिस्ट्रेट राम अवतार ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं के सामने सार्वजनिक रूप से अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी मांग ली। इसके बाद करीब चार घंटे से चल रहा धरना प्रदर्शन समाप्त हो गया।
बताया जा रहा है कि दोपहर बाद करीब 12 बजे से अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता और मृतक छात्र राम तिवारी के परिजन कलेक्ट्रेट परिसर में नगर मजिस्ट्रेट कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए थे। कार्यकर्ताओं का आरोप था कि जब वे छात्र की मौत के मामले में ज्ञापन देने पहुंचे थे, उस दौरान नगर मजिस्ट्रेट राम अवतार ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया था। इसी को लेकर कार्यकर्ता माफी की मांग पर अड़े हुए थे।

धरना प्रदर्शन के चलते कलेक्ट्रेट परिसर में काफी देर तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही। मौके पर प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस की मौजूदगी भी रही। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट कर दिया था कि जब तक नगर मजिस्ट्रेट सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगेंगे, तब तक धरना समाप्त नहीं किया जाएगा।
करीब चार घंटे बाद शाम लगभग 4 बजे नगर मजिस्ट्रेट राम अवतार स्वयं बाहर आए और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं के सामने अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी मांगी। इसके बाद कार्यकर्ताओं और परिजनों ने धरना समाप्त कर दिया।
गौरतलब है कि बीते 5 मार्च 2026 को शहर कोतवाली क्षेत्र के तिलक नगर में स्थित एसजेएस पब्लिक स्कूल के एक छात्र राम तिवारी का शव उसके घर के अंदर फांसी के फंदे से लटका हुआ मिला था। इस घटना को लेकर विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता कार्रवाई की मांग करते हुए प्रशासन को ज्ञापन देने पहुंचे थे। उसी दौरान नगर मजिस्ट्रेट द्वारा कथित अभद्रता किए जाने का आरोप लगाते हुए कार्यकर्ताओं ने धरना शुरू कर दिया था।
हालांकि नगर मजिस्ट्रेट द्वारा सार्वजनिक रूप से माफी मांगने के बाद मामला शांत हो गया और कलेक्ट्रेट परिसर में सामान्य स्थिति बहाल हो गई।










