25th Anniversary Of Jharkhand Legislative Assembly : झारखंड विधानसभा की 25वीं वर्षगांठ (रजत जयंती) के ऐतिहासिक समारोह में राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री हुए सम्मिलित

25th Anniversary Of Jharkhand Legislative Assembly : झारखंड विधानसभा की मासिक पत्रिका "उड़ान" के 99वें एवं 100वें अंक का हुआ लोकार्पण, मुख्यमंत्री ने कहा- झारखंड की आत्मा, संघर्ष और स्वाभिमान के प्रतीक थे बाबा शिबू सोरेन

  1. शहीद, पुलिस कर्मियों एवं सैनिकों को मिला सम्मान
  2. राज्य के खिलाड़ियों, छात्रों, साहित्यकारों और पूर्व विधायकों को किया गया सम्मानित

25th Anniversary Of Jharkhand Legislative Assembly : झारखंड विधानसभा परिसर, रांची में शनिवार को झारखंड विधानसभा की 25वीं वर्षगांठ रजत जयंती (Silver Jubilee) के अवसर पर भव्य एवं ऐतिहासिक समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार एवं मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने विधानसभा की रजत जयंती के इस ऐतिहासिक अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष. के साथ-साथ समस्त विधायकों, मंत्रियों, सांसदों एवं कर्मचारियों को शुभकामनाएं दीं।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के सृजन के पीछे एक लम्बा संघर्ष, बलिदान और यहां के आदिवासी-मूलवासी समाज की अमिट भूमिका रही है। राज्य को अलग दर्जा मिलने तक हमारे पूर्वजों और वीर शहीदों ने अनगिनत संघर्ष किए, जिनकी बदौलत आज झारखंड अपनी विशिष्ट पहचान के साथ विकास के पथ पर अग्रसर है।मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 वर्षों का यह सफर प्रदेश के लिए अनेक अनुभवों से भरा रहा है। हाल ही में झारखंड सरकार, झारखंड उच्च न्यायालय तथा अब झारखंड विधानसभा द्वारा रजत जयंती मनाना विकास पथ पर राज्य की निरंतरता का प्रतीक है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि आज हमारे बीच झारखंड आंदोलन के पुरोधा, आदरणीय बाबा दिशोम गुरु शिबू सोरेन जी नहीं हैं। उन्होंने अपने जीवन का प्रत्येक क्षण राज्य की अस्मिता, अधिकार और स्वाभिमान के लिए समर्पित किया। उनके नेतृत्व और मार्गदर्शन में झारखंड आंदोलन ने जनांदोलन का रूप लिया, जिसने अंततः राज्य के सृजन का मार्ग प्रशस्त किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वर्गीय बाबा शिबू सोरेन जी न केवल हमारे लिए प्रेरणा स्रोत हैं, बल्कि वे झारखंड की आत्मा, संघर्ष और स्वाभिमान के प्रतीक हैं। उनके आदर्श और योगदान सदैव आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शक बने रहेंगे।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि “राज्य के गठन के बाद गरीबी, कुपोषण तथा सामाजिक न्याय के क्षेत्रों में अपेक्षित प्रगति नहीं हो पाई थी, किन्तु वर्तमान सरकार ने आर्थिक, शैक्षणिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में सुदृढ़ संकल्प लिया है। सेवा का अधिकार जैसे अभिनव कार्यक्रमों के माध्यम से शासन की नीतियाँ सीधे जनता के द्वार तक पहुँचाई जा रही हैं। सरकार का मुख्य लक्ष्य है कि प्रत्येक ग्राम और क्षेत्र में न्याय, पारदर्शिता एवं संवेदनशील प्रशासन सुनिश्चित किया जाए, ताकि हर नागरिक को संवैधानिक अधिकारों एवं सुविधाओं का सहज और प्रभावी लाभ मिल सके।”

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने उत्कृष्ट विधायक के रूप में चयनित राज सिन्हा को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि उत्कृष्ट विधायक का चयन सदन की गरिमा और जनप्रतिनिधि के अनुशासन व निष्ठा का प्रतीक है। इस अवसर पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन तथा विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले विधानसभा कर्मियों के साथ ही देश की सीमा पर तथा नक्सल अभियान में शहीद हुए झारखंड राज्य के वीर पुलिस कर्मियों एवं सैनिकों को स्मृति-चिन्ह, प्रशस्ति-पत्र एवं सम्मान राशि प्रदान कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में झारखंड विधानसभा के सदस्यों का जीवन परिचय ग्रंथ, “सदन संवाद” पुस्तक तथा विधानसभा की मासिक पत्रिका “उड़ान” के 99वें एवं 100वें अंक का लोकार्पण किया गया। मुख्यमंत्री एवं विधानसभा अध्यक्ष ने राज्य के खिलाड़ियों, छात्रों, साहित्यकारों और पूर्व विधायकों को भी सम्मानित किया।

इस समारोह में झारखंड विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो, नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर, मुख्य सचेतक प्रतिपक्ष नवीन जायसवाल, उत्कृष्ट विधायक राज सिन्हा, प्रभारी सचिव झारखंड विधानसभा माणिकलाल हेंब्रम समेत तमाम मंत्री, सांसद, विधायक, पूर्व मंत्री, पूर्व सांसद, पूर्व विधायक सहित विधानसभा के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

Other Latest News

Leave a Comment