क्रॉप सर्वे का बहिष्कार, एडीओ पंचायत को दिया ज्ञापन
रायबरेली हरचंदपुर ब्लॉक के ग्राम पंचायत सहायकों ने क्रॉप सर्वे के कार्य का बहिष्कार करते हुए एडीओ पंचायत को ज्ञापन दिया। इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें जबरन इस कार्य में धकेला जा रहा है, जो कि लेखपाल का काम है।
महिला पंचायत सहायकों को नौकरी छोड़ने की धमकी
जब पंचायत सहायक बीडीओ डॉ अंजू रानी वर्मा को ज्ञापन देने गए, तो उन्होंने जबरन कार्य करने के लिए कहा। इतना ही नहीं, महिला पंचायत सहायकों को नौकरी छोड़ने की धमकी देते हुए कहा कि अगर वे कार्य नहीं करेंगी तो उन्हें इस्तीफा देना होगा। इस दौरान पंचायत सहायक संघ के ब्लॉक अध्यक्ष आशीष विश्वकर्मा, शुभम कश्यप, शुभम यादव, वैशाली, कामिनी, मीरा, सविता, मधु, विपिन कुमार, विजय कुमार, सर्वेश, अंकित पाल आदि समस्त पंचायत सहायक मौजूद रहे। उन्होंने बीडीओ के रवैये पर नाराजगी जताई और अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने का फैसला किया।
क्या है क्रॉप सर्वे?
क्रॉप सर्वे एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें फसलों की कटाई के बाद उनके उत्पादन और गुणवत्ता का आंकलन किया जाता है। यह कार्य आमतौर पर लेखपालों द्वारा किया जाता है, लेकिन रायबरेली में ग्राम पंचायत सहायकों को इस कार्य में लगाया जा रहा है, जिसका वे विरोध कर रहे हैं। पंचायत सहायक संघ ने मांग की है कि उन्हें क्रॉप सर्वे के कार्य से मुक्त किया जाए और उनके कार्यों को परिभाषित किया जाए। वे अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने को तैयार हैं और बीडीओ के रवैये की निंदा करते हैं।