हाल ही में सहारनपुर ( Saharanpur ) जिले में आतंकी मॉड्यूल के भंडाफोड़ के बाद सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। पुलिस ने किराएदारों, बाहरी व्यक्तियों और मदरसों में पढ़ने वाले छात्रों के सत्यापन का व्यापक अभियान शुरू किया हुआ है। अब तक जनपद में 4,000 से अधिक लोगों का सत्यापन पूरा हो चुका है और यह अभियान लगातार जारी है।
ग्रामीण क्षेत्र के पुलिस अधीक्षक (एसपी देहात) सागर जैन ने बताया कि परिक्षेत्र के तीनों जनपदों (सहारनपुर, शामली व मुजफ्फरनगर) में 15 नवंबर से विशेष किराएदार सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। सहारनपुर जनपद में अब तक 4,000 से ज्यादा बाहरी व्यक्तियों—जो नौकरी, व्यापार, पढ़ाई या अन्य किसी कारण से यहां किराए पर रह रहे हैं—का पुलिस ने सत्यापन कर लिया है।

पुलिस टीमें घर-घर जाकर किराएदारों के मूल पता, आधार कार्ड, वोटर आईडी, पासपोर्ट साइज फोटो, मोबाइल नंबर सहित सभी जरूरी जानकारियां मुख्यालय से प्राप्त फॉर्मेट में भर रही हैं। इसके बाद संबंधित व्यक्ति के गृह थाने को भी सूचना भेजी जा रही है, ताकि वहां से भी उसकी पृष्ठभूमि की पुष्टि की जा सके।
विशेष फोकस मदरसों पर
अधिकारियों के अनुसार जिले के विभिन्न मदरसों में देश के अलग-अलग राज्यों से पढ़ने आए छात्रों का सत्यापन भी तेजी से किया जा रहा है। सभी छात्रों के दस्तावेज, पहचान पत्र, मूल निवास प्रमाण और अन्य जानकारियां जांची जा रही हैं। पुलिस का कहना है कि यह प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षा के दृष्टिकोण से की जा रही है और इसमें किसी प्रकार की भेदभाव की कोई गुंजाइश नहीं है।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति किराए पर मकान दे रहा है तो वह तुरंत अपने थाने में किराएदार की पूरी जानकारी जमा कराएं। किराएदार बदलने पर भी नई जानकारी तत्काल अपडेट करानी होगी। ऐसा नहीं करने पर मकान मालिक के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
एसपी देहात ने स्पष्ट किया कि आतंकी नेटवर्क के खुलासे के बाद यह अभियान लंबे समय तक चलेगा और सुरक्षा की दृष्टि से यह बेहद जरूरी है। जिले में पहले से चल रही चेकिंग, नाकाबंदी और संदिग्धों की तलाशी भी तेज कर दी गई है।
जिले में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए पुलिस-प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है और आम नागरिकों से भी इसमें सहयोग की अपील की गई है।










