आज के समय में सिरदर्द, बुखार, बदन दर्द या चोट लगने पर लोग सबसे पहले पेनकिलर यानी दर्द निवारक दवाओं का सहारा लेते हैं। ये दवाएं तुरंत आराम देती हैं, इसलिए लोग इन्हें जल्दी-जल्दी इस्तेमाल कर लेते हैं।लेकिन सवाल यह है कि क्या ये दवाएं हमेशा सुरक्षित हैं या इनका ज्यादा इस्तेमाल शरीर को नुकसान पहुंचा सकता है?
क्या पेनकिलर से ऑर्गन खराब हो सकते हैं?
डॉक्टरों के अनुसार, पेनकिलर आमतौर पर सुरक्षित मानी जाती हैं, लेकिन अगर इन्हें लंबे समय तक या ज्यादा मात्रा में लिया जाए तो यह शरीर के कई अंगों को नुकसान पहुंचा सकती हैं।

सबसे ज्यादा असर इन अंगों पर देखा जाता है:
किडनी (गुर्दे)
लिवर (यकृत)
पेट और आंतें
दिल (हार्ट)
रिपोर्ट्स के मुताबिक, लगातार ज्यादा पेनकिलर लेने से किडनी की फिल्टर करने की क्षमता कम हो सकती है और धीरे-धीरे समस्या बढ़ सकती है।
किडनी पर क्या असर पड़ता है
पेनकिलर में मौजूद कुछ दवाएं (जैसे NSAIDs) अगर ज्यादा मात्रा में ली जाएं तो किडनी में खून का बहाव कम कर सकती हैं। इससे किडनी पर दबाव बढ़ता है और समय के साथ नुकसान हो सकता है। जिन लोगों को पहले से किडनी की बीमारी, डायबिटीज या ब्लड प्रेशर है, उनके लिए यह खतरा और भी ज्यादा होता है।
लिवर पर खतरा कैसे होता है*
लिवर शरीर में दवाओं को तोड़ने का काम करता है। लेकिन जब पेनकिलर का ज्यादा सेवन किया जाता है, तो लिवर पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है।कुछ मामलों में ज्यादा मात्रा में दवा लेने से लिवर डैमेज या गंभीर स्थिति भी बन सकती है। डॉक्टरों के अनुसार, यह नुकसान धीरे-धीरे होता है और शुरुआत में पता नहीं चलता।
पेट और दिल पर असर
पेनकिलर का ज्यादा इस्तेमाल पेट की अंदरूनी परत को नुकसान पहुंचा सकता है। इससे गैस, अल्सर या ब्लीडिंग तक की समस्या हो सकती है।
कुछ रिसर्च में यह भी पाया गया है कि लंबे समय तक पेनकिलर लेने से दिल की सेहत पर भी असर पड़ सकता है और ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है।
कितनी मात्रा में पेनकिलर लेना सुरक्षित है
डॉक्टरों के अनुसार पेनकिलर का सेवन हमेशा सीमित मात्रा में और कम समय के लिए करना चाहिए।
- दवा सिर्फ जरूरत पड़ने पर ही लें
- लगातार कई दिनों तक बिना डॉक्टर की सलाह के न लें
- एक दिन में तय मात्रा से ज्यादा बिल्कुल न लें
- खाली पेट दवा लेने से बचें
अगर दर्द लगातार बना रहता है, तो खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
खुद से दवा लेना क्यों खतरनाक है
आजकल लोग छोटी-मोटी परेशानी में खुद ही दवा ले लेते हैं, जिसे self-medication कहा जाता है। यही आदत सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकती है।
कई बार लोग अलग-अलग दवाएं मिलाकर ले लेते हैं, जिससे शरीर पर दुष्प्रभाव बढ़ जाता है।
किसे ज्यादा सावधानी रखनी चाहिए
कुछ लोगों को पेनकिलर का इस्तेमाल बहुत सावधानी से करना चाहिए:
- बुजुर्ग लोग
- किडनी या लिवर के मरीज
- गर्भवती महिलाएं
- लंबे समय से बीमार लोग
सुरक्षित इस्तेमाल के टिप्स
- दवा हमेशा डॉक्टर की सलाह से लें
- दर्द का कारण समझें, सिर्फ दबाने की कोशिश न करें
- पानी पर्याप्त मात्रा में पिएं
- शराब के साथ पेनकिलर कभी न लें
- बार-बार दवा लेने की आदत न डालें
निष्कर्ष
पेनकिलर सही तरीके से ली जाए तो ये सुरक्षित और असरदार होती हैं, लेकिन इनका गलत या ज्यादा इस्तेमाल शरीर के कई अंगों को नुकसान पहुंचा सकता है। किडनी, लिवर और पेट सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं, इसलिए जरूरी है कि इन्हें सोच-समझकर और सीमित मात्रा में ही लिया जाए।










