Raebareli: सदर विधायक अदिति सिंह (Aditi Singh) के कांग्रेस में लौटने की सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं के बीच उनकी दिल्ली में सक्रियता ने सियासी तस्वीर को नया मोड़ दे दिया है। जिन चर्चाओं में अदिति सिंह की कांग्रेस में वापसी के दावे किए जा रहे थे, उन्हीं के बीच विधायक ने केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा (JP Nadda) से मुलाकात कर रायबरेली के विकास, खासकर एम्स के विस्तार का मुद्दा उठाया।
अदिति सिंह ने अपनी मुलाकात की जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए सार्वजनिक की। उन्होंने केंद्रीय मंत्री के सामने एम्स रायबरेली में मरीजों के बढ़ते दबाव का हवाला देते हुए नवीन ओपीडी ब्लॉक, कैंसर केयर बिल्डिंग और आयुष विंग के लिए वित्तीय स्वीकृति तथा प्रशासनिक प्रक्रियाओं में तेजी लाने की मांग रखी। साथ ही पीएम-एबीएचआईएम योजना के तहत बने क्रिटिकल केयर ब्लॉक की अवशेष धनराशि शीघ्र जारी करने का भी अनुरोध किया।

केंद्रीय मंत्री की ओर से सभी मुद्दों को गंभीरता से सुनकर सकारात्मक सहयोग का आश्वासन दिए जाने की बात विधायक ने अपने पोस्ट में कही है। यही पोस्ट अब उन सियासी चर्चाओं के बीच महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिनमें लगातार अदिति सिंह के कांग्रेस में जाने के दावे किए जा रहे थे।
सोशल मीडिया की अटकलें बनाम जमीन पर सक्रियता
अदिति सिंह के कांग्रेस में जाने की चर्चाओं को लेकर अभी तक कांग्रेस की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई थी। विधायक की ओर से भी कांग्रेस में वापसी को लेकर कोई सार्वजनिक ऐलान नहीं किया गया। ऐसे में सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाएं राजनीतिक गलियारों में भले ही सुर्खियां बटोर रही हों, लेकिन अब तक वे पुष्टि से दूर हैं।
दूसरी ओर, अदिति सिंह की केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात और रायबरेली के एम्स से जुड़े बड़े प्रोजेक्टों को लेकर केंद्र के स्तर पर पैरवी यह संकेत जरूर देती है कि वह जिले के विकास से जुड़े मुद्दों को लेकर सक्रिय हैं। खास बात यह है कि यह सक्रियता सीधे केंद्र सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय के स्तर पर दिखाई दी है।
अफवाहों के बीच किस ओर इशारा?
सियासत में नेताओं की मुलाकात और सार्वजनिक पोस्ट अक्सर अपने आप में संदेश लेकर आते हैं। अदिति सिंह का ताजा पोस्ट भी ऐसे समय आया है, जब उनकी राजनीतिक दिशा को लेकर सोशल मीडिया पर अटकलों का दौर चल रहा है। ऐसे में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात को उनकी मौजूदा राजनीतिक सक्रियता के संदर्भ में देखा जा रहा है।
हालांकि, केवल इस मुलाकात के आधार पर किसी दल में उनकी औपचारिक स्थिति को लेकर अंतिम निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। लेकिन इतना जरूर है कि कांग्रेस में वापसी की अफवाहों के बीच अदिति सिंह ने खुद को रायबरेली के विकास और केंद्र सरकार के स्तर पर सक्रिय राजनीतिक भूमिका में जरूर दिखाया है।
फिलहाल सोशल मीडिया की चर्चाओं और अदिति सिंह की वास्तविक राजनीतिक गतिविधियों के बीच अंतर साफ नजर आ रहा है। अफवाहें कांग्रेस की ओर इशारा कर रही थीं, जबकि विधायक की ताजा सार्वजनिक गतिविधि केंद्र सरकार के साथ समन्वय और रायबरेली के विकास के मुद्दों पर केंद्रित दिखाई दे रही है।










