JPSC-JSSC भर्ती मामले में गरमाई सियासत, रामगढ़ में मशाल जुलूस निकालकर हेमंत सोरेन के इस्तीफे की मांग

रामगढ़ के कुजू में JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित धांधली के विरोध में भाजपा ने मशाल जुलूस निकाला। हेमंत सोरेन के इस्तीफे की मांग उठी और राहुल गांधी की चुप्पी पर भी सवाल खड़े किए गए।

झारखंड में भर्ती परीक्षाओं को लेकर सियासी माहौल लगातार गर्म होता जा रहा है। झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के आरोपों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। रामगढ़ जिले के कुजू क्षेत्र में भाजपा कार्यकर्ताओं ने मशाल जुलूस निकालकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ता हाथों में मशाल लेकर सड़कों पर उतरे और राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए।

भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्षता पर उठाए सवाल

प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि JPSC की 14वीं संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता का गंभीर अभाव रहा। उनका दावा है कि परीक्षाओं में ओएमआर शीट से छेड़छाड़, पेपर लीक और अन्य गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आई हैं। भाजपा का कहना है कि इन आरोपों की निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच कराई जानी चाहिए ताकि युवाओं का भरोसा भर्ती प्रक्रिया पर कायम रह सके।

राहुल गांधी की चुप्पी पर भाजपा का हमला

प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को भी निशाने पर लिया। नेताओं का कहना था कि राहुल गांधी देशभर में शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक जैसे मुद्दों पर लगातार सवाल उठाते रहे हैं, लेकिन झारखंड में उनकी सहयोगी सरकार पर लगे आरोपों को लेकर उन्होंने अब तक कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया नहीं दी है। भाजपा ने इसे दोहरा मापदंड बताते हुए कांग्रेस पर राजनीतिक सुविधा के अनुसार मुद्दे उठाने का आरोप लगाया।

सीआईडी जांच पर भी जताया अविश्वास

भाजपा (BJP) नेताओं ने राज्य सरकार द्वारा कराई जा रही सीआईडी (CID) जांच पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि जांच एजेंसी के माध्यम से पूरे मामले को दबाने और वास्तविक तथ्यों को सामने आने से रोकने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि यदि सरकार पूरी तरह पारदर्शी है तो मामले की निष्पक्ष जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी से कराई जानी चाहिए, ताकि सभी संदेह दूर हो सकें।

युवाओं के भविष्य का मुद्दा बताया

भाजपा कार्यकर्ताओं ने कहा कि भर्ती परीक्षाओं में किसी भी तरह की अनियमितता सीधे तौर पर लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ा विषय है। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने कहा कि मेहनत करने वाले अभ्यर्थियों का विश्वास टूटना राज्य के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने सरकार से दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने की मांग की।

राजनीतिक बयानबाजी से बन सकता है बड़ा मुद्दा

भर्ती परीक्षाओं को लेकर शुरू हुआ यह विवाद आने वाले दिनों में झारखंड की राजनीति का बड़ा मुद्दा बन सकता है। भाजपा इसे युवाओं के अधिकारों से जुड़ा विषय बताते हुए राज्यव्यापी आंदोलन की तैयारी में है। वहीं, सरकार की ओर से अब तक इन आरोपों पर विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में जांच की दिशा और राजनीतिक बयानबाजी दोनों पर लोगों की नजर बनी हुई है।

Other Latest News

Leave a Comment