रायबरेली: कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर डलमऊ के गंगा घाटों पर उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने मेले की तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर मेले की व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की।
उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि मेले से जुड़ी सभी तैयारियां निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरी कर ली जाएं, ताकि गंगा स्नान और धार्मिक अनुष्ठानों के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। जिलाधिकारी ने कहा कि कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर डलमऊ गंगा घाट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। इसके साथ ही परंपरागत कार्तिक पूर्णिमा मेला भी आयोजित होता है। ऐसे में भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। घाटों पर पर्याप्त और मजबूत बैरिकेडिंग कराने के साथ ही श्रद्धालुओं की आवाजाही वाले स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाए।

डीएम ने गंगा घाटों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, साफ-सफाई और पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि घाटों पर सुरक्षा के ऐसे इंतजाम किए जाएं,जिससे स्नान के दौरान किसी प्रकार की अप्रिय घटना की संभावना को कम किया जा सके। आवश्यकता के अनुसार एंबुलेंस और चिकित्सा टीमों की तैनाती भी सुनिश्चित करने को कहा गया, ताकि किसी आकस्मिक स्थिति में श्रद्धालुओं को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सके। मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और वाहनों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए जिलाधिकारी ने पार्किंग एवं यातायात व्यवस्था को लेकर भी अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस एवं यातायात विभाग को आपसी समन्वय से प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने को कहा, ताकि प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति उत्पन्न न हो जिससे श्रद्धालुओं का आवागमन सुचारु बना रहे।
उन्होंने प्रमुख मार्गों और संपर्क मार्गों का निरीक्षण कर जहां भी सड़क अथवा आवागमन से संबंधित कमियां हों, उन्हें समय रहते दूर कराने के निर्देश दिये डीएम ने नगर पालिका/नगर पंचायत, पंचायती राज विभाग समेत अन्य संबंधित विभागों को मेला क्षेत्र में विशेष स्वच्छता अभियान चलाने के निर्देश दिए। कूड़ा निस्तारण, अस्थायी शौचालय, पेयजल तथा अन्य नागरिक सुविधाओं की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मेला क्षेत्र में सफाई व्यवस्था को लेकर किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
विद्युत विभाग को घाटों और मेला क्षेत्र में सुरक्षा के सभी आवश्यक प्रबंध समय से पूरे करने के निर्देश दिए गए। वहीं अग्निशमन विभाग को संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त संसाधन एवं अग्निशमन व्यवस्था तैयार रखने को कहा गया। जिलाधिकारी ने पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को मेले के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, भीड़ नियंत्रण और घाटों की निगरानी के लिए पर्याप्त पुलिस बल की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय से काम करें और अपने-अपने विभाग से संबंधित कार्यों की जिम्मेदारी तथा समय सीमा पहले से तय कर लें।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) सिद्धार्थ, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट आयुष अग्रवाल, उप जिलाधिकारी डलमऊ प्रीति सिंह समेत पुलिस, नगर पालिका/नगर पंचायत, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, लोक निर्माण विभाग, पंचायती राज, विद्युत, अग्निशमन सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।










